बेटे और बहू ने मिलकर मां की गला दबाकर की हत्या
November 3, 2019 • बाराबंकी टाइम्स

22 अक्टूबर को वारदात को अंजाम देकर नहर में फेंका था शव

संवादसूत्र, सूरतगंज/फतेहपुर (बाराबंकी) : भूमि के लालच में बेटे ने पत्नी के साथ मिलकर मां की गला घोटकर कर हत्या कर दी और शव को नहर में डाल दिया। बड़े पुत्र की तहरीर पर पुलिस ने आरोपितों को पकड़कर पूछताछ कर रही है। पुलिस ने शव बरामद कर बहू-बेटे के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है।

मोहम्मदपुर खाला थाना क्षेत्र के भिखारीपुर मजरे चंदसिहाली निवासी प्रेम कुमारी अपने दो बेटे अक्षय व सत्यनाम के साथ रहती थी। कुछ माह पहले सत्यनाम ने पहली पत्नी को छोड़ तीन बच्चों की मां के साथ शादी कर ली थी और फतेहपुर के गुरसेल ससुराल में रहने लगे। कुछ दिनों से सत्यनाम को संदेह था कि मां अक्षय को ज्यादा मानती है। उसके हिस्से की भूमि कहीं उसे न दे दे। इसके बाद उसने मां की हत्या का विचार बना लिया और 22 अक्टूबर को उसे भिखारीपुर से लेकर चला गया। 22 की रात में ही छोटे भाई सत्यनाम व उसकी पत्नी शांति ने मिलकर मां की गला दबा कर हत्या कर दी। शव शारदा नहर में छोड़ दिया। कई दिन तक मां के वापस न आने पर अक्षय ने पुलिस को तहरीर देकर भाई व उसकी पत्नी पर हत्या की आशंका जताई। पुलिस ने भाई व उसकी पत्नी को गिरफ्तार कर पूछताछ की तो उसने हत्या की बात कबूल दी। आरोपितों की निशानदेही पर पुलिस ने गुरसेल पुल के पास नहर से क्षत-विक्षत शव बरामद कर पीएम के लिए भेजा है।

थाना प्रभारी मनोज शर्मा ने बताया कि पुत्र और उसकी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया गया है। दोनों ने हत्या किए जाने की बात कबूल की है। मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, जेल भेजा जा रहा है।

..तो कमलेश की बाइक लेकर गया सत्यनाम : थानाध्यक्ष मनोज शर्मा ने बताया कि सत्यवान जमीन का एक टुकड़ा तेईस हजार में बीडीसी कमलेश को बेचना चाह रहा था। इसीलिए गुरसेल से करीब 16 किलोमीटर दूर भिखारीपुर में रह रही अपनी मां को लेकर आया था। घर में चर्चा करने पर मां ने किसी कागज पर अंगूठा लगाने से मना कर दिया था।

इस पर सत्यवान 22 अक्टूबर की दोपहर करीब तीन-चार बजे मां को भेजने जाने की बात कहकर एक घंटे के लिए बाइक मांग ले गया था। उसी रात आठ बजे कमलेश ने सूरतगंज चौकी पर तैनात दारोगा हरीलाल यादव में सत्यवान के खिलाफ तहरीर दी थी। दूसरे दिन बाइक मिल जाने पर पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। थानाध्यक्ष ने बताया कि सत्यवान ने तीस अक्टूबर को अपनी मां की गुमशुदगी दर्ज करा दी थी।

पुलिस हिरासत में हत्यारोपित ' जागरण

ढाई बीघा भूमि के लिए रिश्ते को किया कलंकित मृतक प्रेमकुमारी के पास कुल ढाई बीघे खेत व एक टीनशेड नुमा घर है। सत्यनाम को हिस्से की भूमि न मिलने का संदेह था। इसीलिए उसने मां की हत्या करने की साजिश कर डाली।

कमलेश की तहरीर से उलझी गुत्थी

बताया जाता है कि कमलेश की बाइक को 22 अक्टूबर को तीन-चार बजे मांगकर सत्यवान ले गया था। लेकिन, सवाल उठता है कि जब कमलेश का सत्यवान से जमीन का सौदा तय था तो उसने बिना इंतजार किए उसी रात को आठ बजे चौकी पर तहरीर क्यों दे दी।